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Udaipur News: डॉ. अंजू हिंगड़ , मौत के दो घंटे बाद फिर लौटीं सांस, शहर के एक प्रतिष्ठित परिवार में शनिवार (Saturday) को एक अजीब वाकया पेश आया जिसमें परिवार की एक महिला डॉक्टर (doctor) की मृत्यु की सूचना समाज के कई ग्रुपों में प्रसारित हो गई और दो घंटे के बाद उनकी सांसें फिर चलने से अंतिम यात्रा निरस्त करने की सूचना प्रसाारित करनी पड़ी. इससे रिश्तेदार, समाजजन व शहरवासी असमंजस में पड़ गए.
पहले व्हाट्सप्प ग्रुप, Social Media के द्वारा शोक समाचार भेजा गया
कई लोग आपस में बातचीत कर तो कुछ डॉक्टरों (Doctors) से असलियत जानने में जुट गए. इधर, इस पूछताछ से परेशान होकर परिजनों ने मोबाइल बंद कर दिए. मधुवन स्थित एक डायग्नोस्टिक सेंटर संचालक की पत्नी एवं नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. अंजू हिंगड़ गत पांच दिनों से कोमा में थी. गंभीर बीमारी के चलते वे कोमा में चली गई थीं और शनिवार (Saturday) सुबह उनकी सांसें थम गई. पति डॉ नीरव हिंगड़ ने डॉ. अंजू हिंगड़ की जांच की और सांसें थमने से फेस बुक व व्हाट्सएप के कई ग्रुप में उनके निधन और सुबह 10 बजे अंतिम यात्रा का सूचना प्रसारित कर दी. इस पर शोक संवेदनाओं का दौर शुरू हो गया.

उदयपुर में चमत्कार: मृत घोषित डॉ. अंजू हिंगड़ हुई जिन्दा, सांसे वापस लौटी
इसके दो घंटे के बाद अचानक दूसरा संदेश प्रसारित हुआ कि ईश्वरीय कृपा एवं समस्त शुभचिंतकों की दुआओं से अकल्पनीय चमत्कार हुआ है और डॉ. अंजू हिंगड़ की सांसें लौट आई हैं. अंतिम यात्रा की सूचना निरस्त है. इस संदेश को जिसने भी देखा, पढ़ा या सुना आश्चर्य चकित रह गया. इस तरह के वाकया पूर्व में भी होते रहे हैं मगर ऐसा अधिकतर देहात में होता रहा है. शहर के प्रतिष्ठित डॉक्टर (doctor) परिवार में पहली बार ऐसा होने से सभी आश्चर्यचकित हैं. डॉक्टर (doctor) दम्पती का पुत्र भी डॉक्टर (doctor) है.
हमारे संवाददाता ने Whatsapp group में यह समाचार डालने वाले राकेश से बात करी राकेश के बयान के आधार पर उन्होंने कहा कि यह खबर व्हाट्सएप के माध्यम से उन्हें प्राप्त हुई थी और उन्होंने ही ग्रुपों में भी शेयर किया था बाद में उन्हें व्यक्तिगत समाचार मिला के डॉग साहब कई दिनों से हॉस्पिटल में भर्ती थी और उनकी सांसे वापस आ गई है
खैर… इस प्रतिक्रिया पर अभी तक उनके परिवार से कोई भी स्टेटमेंट प्राप्त नहीं हुआ है कहानी की सच्चाई क्या है इस पर कयास लगाए जा रहे हैं उम्मीद करते हैं बहुत जल्दी इसकी स्वच्छता हिंगड़ परिवार द्वारा मिलेगी











