• Latest
  • Trending
  • All
द राइट साइन

‘द राइट साइन’: रैप की ताल पर गूंजेगी सांकेतिक भाषा, भारत में समावेश का नया आंदोलन!

अप्रैल 10, 2025
बीकानेर

नगर निगम चुनाव 2026 : बीकानेर वार्ड 11 पलटा पूरा समीकरण! पूर्व सैनिक भगवान सिंह राठौड़ ने ऐसा क्या किया कि विरोधियों में मची खलबली?

सितम्बर 3, 2026
बीकानेर

बीकानेर में बड़ा सियासी खेल: भाजपा का ‘बाहरी’ दांव पड़ा उल्टा या फौजी मारेगा बाजी?

सितम्बर 2, 2026
IMG 20260228 WA0039

रणवीर सिंह, रोहित शेट्टी और अब साहिल लूथरा… Z+ सिक्योरिटी भी फेल? गैंगस्टर ने दी खुली चुनौती— ‘हमें पता है तुम सुरक्षा में हो, फिर भी मारेंगे!’

मार्च 2, 2026
IMG 20260130 WA0001

बड़ी कार्रवाई: 20 माह से जबरन काबिज़ कृष्णा कुंज वेलफेयर सोसायटी की कार्यकारिणी अपदस्थ, JDA ने पूरी कमान चुनाव समिति को सौंपी

जनवरी 30, 2026
Sagwaan 20260117 061030 0000

बिना किसी बड़े बैनर के कैसे हुई फिल्म ‘सागवान’ हाउसफुल? राजस्थानी कलाकारों के हुनर ने सबको किया सन्न!

जनवरी 17, 2026
IMG 20251227 014417

इतिहास रचने को तैयार है फिल्म ‘सागवान’: पहली बार ‘सौ फीसदी राजस्थानी’ फिल्म! जड़ें मरुधरा की और गूँज पूरे देश में

दिसम्बर 31, 2025
IMG 20251230 WA0000

राजस्थान के जंगलों से उठी वो गूँज जो मुंबई तक सुनाई देगी! फिल्म ‘सागवान’ ने रचा इतिहास, थिएटर जाने से पहले ये ट्रेलर जरूर देखें

दिसम्बर 30, 2025
Design 20251203 151410 0000

दिल्ली–मुंबई–बेंगलुरु रूट पर GPS Spoofing का खतरा बढ़ा: साइबर एक्सपर्ट अंकुर चंद्रकांत ने दी चेतावनी — “इसे हल्के में न लें”

दिसम्बर 3, 2025
IMG 20251029 175359

Udaipur News : सरकारी योजनाओं की आड़ में धोखाधड़ी, कांग्रेस नेता बालूलाल भील गिरफ्तार; ज़मीन हड़पने का आरोप

अक्टूबर 29, 2025
IMG 20251014 WA0070

लंदन ने माना इस भारतीय छात्र का लोहा! लाखों प्रवासी छात्रों की जिंदगी बदलने के लिए मिला ‘Outstanding Student Achievement Award’!

अक्टूबर 15, 2025
IMG 20251004 WA0026

फिल्म ‘गोदान’ का दमदार डायलॉग वायरल: “गाय को रोटी देने वाला और गाय को रोटी से खाने वाला दोनों भाई नहीं हो सकते!”

अक्टूबर 5, 2025
Yellow and Black Varanasi India Travels YouTube Thumbnail 20251004 171000 0000

मेरठ के समाजसेवी विनोद चौधरी की फिल्म ‘गोदान’ में दिखेंगे मनोज जोशी-उपासना सिंह, CM रेखा गुप्ता ने किया पोस्टर लॉन्च

अक्टूबर 4, 2025
  • न्यूज़
    • खेल
    • क्राइम
      • साइबर क्राइम
    • विदेश
    • देश
  • खेल
  • बिजनेस
  • मनोरंजन
  • राजनीति
  • तकनीकी
  • राज्य
    • उत्तर प्रदेश
    • केरल
    • राजस्थान
      • उदयपुर
      • जयपुर
      • Bikaner
    • बिहार
  • वेब स्टोरीज
  • अंग्रेज़ी
  • धर्म
    • राशिफल
      • मेष राशि
      • वृष राशि
      • कर्क राशि
      • सिंह राशि
      • कन्या राशि
      • तुला राशि
      • धनु राशि
      • मकर राशि
      • कुंभ राशि
      • मीन राशि
गुरूवार, अक्टूबर 8, 2026
  • Login
ख़बर हर दिन
No Result
View All Result
ख़बर हर दिन
No Result
View All Result
ADVERTISEMENT
Home मनोरंजन बॉलीवुड

‘द राइट साइन’: रैप की ताल पर गूंजेगी सांकेतिक भाषा, भारत में समावेश का नया आंदोलन!

by ब्रजेश मेहर
अप्रैल 10, 2025
in बॉलीवुड
0
द राइट साइन

द राइट साइन

0
SHARES
12
VIEWS
Share on FacebookShare on Twitter

भारत के सबसे बड़े लोकल लैंगवेज टेक्नोलॉजी प्लेटफार्म साइनिंग हैंड्स फाउंडेशन, देश में बधिरों के लिए समर्पित सबसे बड़े न्यूज़ एवं एंटरटेनमेंट चैनल वंडरलैब और मशहूर म्यूजिक लेबल ल्युसिफर म्युज़िक ने मिलकर एक ऐसी पहल की शुरुआत की है, जो देश में समावेश की नई इबारत लिखेगी। इस शानदार पहल का नाम है – ‘द राइट साइन’। यह सिर्फ इंडियन साइन लैंगवेज (आईएसएल) यानी भारतीय सांकेतिक भाषा के लिए एक रचनात्मक कैम्पेन नहीं है, बल्कि इसका लक्ष्य इसे सार्थक तरीके से समावेशी बनाकर एक बड़े सामाजिक आंदोलन में तब्दील करना है।

Table of Contents

  1. रैप के रंग में सजी सांकेतिक भाषा, मिटेंगी संवाद की दूरियां!
  2. कलाकारों और क्रिएटर्स के लिए नई प्रेरणा, बढ़ेगी आईएसएल की स्वीकार्यता!
  3. वंडरलैब की रचनात्मकता, ल्युसिफर म्युज़िक का संगीत, समावेश का बनेगा सशक्त माध्यम!
  4. ‘द राइट साइन’ का मूल मंत्र: आईएसएल को मुख्यधारा बनाना, संवाद की बाधाएं मिटाना!
  5. समीर वोरा (चीफ मार्केटिंग ऑफिसर, वर्से इनोवेशन) का विजन:
  6. आलोक केजरीवाल (संस्थान एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी, साइनिंग हैंड्स फाउंडेशन) की उम्मीदें:
  7. अमित अकाली (सह-संस्थापक एवं मुख्य रचनात्मक अधिकारी (सीसीओ), वंडरलैब) का रचनात्मक दृष्टिकोण:
  8. ल्युसिफर म्युज़िक का समावेशी संगीत:
  9. रैपर्स की भावनाएं, समावेश की मजबूत आवाज:

रैप के रंग में सजी सांकेतिक भाषा, मिटेंगी संवाद की दूरियां!

इस अनूठी पहल के अंतर्गत, भारतीय रैप जगत के कई जाने-माने सितारों ने हाथ मिलाया है। इंदीप बख्शी, वी-टाउन क्रोनिकल्स, एन्कोर और य-श 1हन्ड जैसे लोकप्रिय रैपर्स ने अपने सुपरहिट म्यूजिक वीडियोज़ को एक नए रूप में पेश किया है। उनके प्रसिद्ध गाने – क्रमशः एलोन, फ्लेक्स, ढलता चांद और जो देखा वो लिखा – अब नए सिरे से रिलीज़ किए गए हैं। इस बार इन वीडियोज़ की सबसे खास बात यह है कि इनमें पहले इस्तेमाल किए गए पारंपरिक गैंग संकेतों और इशारों की जगह सार्थक इंडियन साइन लैंगवेज (आईएसएल) की अभिव्यक्तियों को शामिल किया गया है।

इतना ही नहीं, इस कैम्पेन के तहत इन प्रतिभाशाली रैपर्स ने मिलकर 40 जरूरी वाक्यांशों (फ्रेज़) का एक विशेष ट्यूटोरियल भी जारी किया है। यह ट्यूटोरियल उन लाखों लोगों के लिए एक महत्वपूर्ण टूल साबित होगा जो बधिर समुदाय के साथ अधिक कुशलता और सम्मानजनक तरीके से संवाद करना चाहते हैं।

कलाकारों और क्रिएटर्स के लिए नई प्रेरणा, बढ़ेगी आईएसएल की स्वीकार्यता!

‘द राइट साइन’ पहल का एक और बड़ा और दूरगामी फायदा यह है कि इसने अन्य कलाकारों और कंटेंट क्रिएटर्स को भी अपनी परफॉर्मेंस और कला में सांकेतिक भाषा को शामिल करने के लिए प्रेरित किया है। इससे उम्मीद है कि आईएसएल को धीरे-धीरे एक व्यापक रूप से स्वीकृत कम्युनिकेशन टूल के रूप में पहचान मिलेगी और यह मुख्यधारा की संस्कृति का अभिन्न हिस्सा बन जाएगी।

वंडरलैब की रचनात्मकता, ल्युसिफर म्युज़िक का संगीत, समावेश का बनेगा सशक्त माध्यम!

इस महत्वपूर्ण कैम्पेन का रचनात्मक जिम्मा वंडरलैब ने संभाला है, जबकि ल्युसिफर म्युज़िक ने अपने संगीत से इसे और भी आकर्षक और प्रभावशाली बनाया है। यह पहल म्यूजिक और डिजिटल स्टोरीटेलिंग की ताकत को एक साथ लाती है, जिसका एकमात्र उद्देश्य देश भर में एक्सेसिबिलिटी और समावेशिता के लिए एक मजबूत आंदोलन की शुरुआत करना है।

‘द राइट साइन’ का मूल मंत्र: आईएसएल को मुख्यधारा बनाना, संवाद की बाधाएं मिटाना!

‘द राइट साइन’ पहल का सबसे महत्वपूर्ण लक्ष्य इंडियन साइन लैंगवेज (आईएसएल) को देश की मुख्यधारा की संस्कृति का एक स्वाभाविक हिस्सा बनाना है। ऐसा करके, इस पहल का उद्देश्य देशभर में बधिर समुदाय के सामने आने वाली कम्युनिकेशन की तमाम बाधाओं को दूर करना है, ताकि वे समाज के हर क्षेत्र में समान रूप से भाग ले सकें और अपनी बात प्रभावी ढंग से रख सकें।

समीर वोरा (चीफ मार्केटिंग ऑफिसर, वर्से इनोवेशन) का विजन:

वर्से इनोवेशन के चीफ मार्केटिंग ऑफिसर, समीर वोरा ने इस पहल के बारे में अपने विचार साझा करते हुए कहा, “हमने ‘द राइट साइन’ को सिर्फ एक कैम्पेन के तौर पर नहीं, बल्कि एक बुनियादी समावेशिता के आह्वान के रूप में पेश किया है। यह समाज में मौजूद दूरियों को मिटाने के लिए सांस्कृतिक प्रभाव का इस्तेमाल करता है। हमारा प्लेटफार्म रोजाना लाखों लोगों तक पहुंचता है, और हम इस कैम्पेन को एक शक्तिशाली अवसर मानते हैं जो सांकेतिक भाषा को सामान्य बनाएगा और इसे पॉप कल्चर से जोड़ेगा। यह हमारी प्रतिबद्धता की शुरुआत है, और हम पूरे इकोसिस्टम से जुड़े अन्य लोगों को भी इस परिवर्तनकारी सफर में शामिल होने के लिए आमंत्रित करते हैं। ‘द राइट साइन’ वर्से इनोवेशन के समावेशी डिजिटल इकोसिस्टम्स के निर्माण की व्यापक प्रतिबद्धता को दर्शाता है, जो देशभर में विविध समुदायों के लिए मददगार साबित होगा।”

आलोक केजरीवाल (संस्थान एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी, साइनिंग हैंड्स फाउंडेशन) की उम्मीदें:

साइनिंग हैंड्स फाउंडेशन के संस्थान एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी, आलोक केजरीवाल ने इस पहल को लेकर अपनी उम्मीदें व्यक्त करते हुए कहा, “साइन लैंगवेज केवल एक संचार का माध्यम ही नहीं है, बल्कि यह हमारी संस्कृति, हमारी पहचान और उन बुनियादी अधिकारों का प्रतिनिधित्व करती है जिन्हें पहचान मिलनी चाहिए। वर्से इनोवेशन की यह पहल हमारी कम्युनिटी के लिए एक महत्वपूर्ण कदम है। वर्से की व्यापक डिजिटल पहुंच का उपयोग करते हुए, ‘द राइट साइन’ जागरूकता को ठोस कार्रवाई में बदलेगा। बधिर समुदाय को आईएसएल अपनाने के लिए सशक्त करते हुए, वर्से ने न सिर्फ उन्हें भारतीय समुदाय की मुख्यधारा में शामिल करने का प्रयास किया है, बल्कि इस बारे में हमारे विचारों को भी नए सिरे से परिभाषित किया है।”

अमित अकाली (सह-संस्थापक एवं मुख्य रचनात्मक अधिकारी (सीसीओ), वंडरलैब) का रचनात्मक दृष्टिकोण:

वंडरलैब के सह-संस्थापक एवं मुख्य रचनात्मक अधिकारी (सीसीओ), अमित अकाली ने इस कैम्पेन के रचनात्मक पहलू पर प्रकाश डालते हुए कहा, “इस कैम्पेन का विचार रैपर्स द्वारा उन गैंग संकेतों के बारे में सांस्कृतिक समझ के इर्द-गिर्द पैदा हुआ जिसकी भारत में कोई प्रासंगिकता नहीं है और युवा उसकी नकल करते हैं, जबकि संकेत भाषा को भारत में अधिकांश लोग समझते हैं। इसीलिए हमने रैप को चुना है, क्योंकि मनोरंजन दरअसल, शिक्षित करने का सर्वोत्तम माध्यम भी है, खासकर तब जब हमारा मिशन भारत को संकेत भाषा सिखाना है।”

ल्युसिफर म्युज़िक का समावेशी संगीत:

ल्युसिफर म्युज़िक ने इस पहल के साथ जुड़कर अपनी खुशी जाहिर करते हुए कहा, “ल्युसिफर म्युज़िक में, हमारा हमेशा से मानना रहा है कि संगीत हर तरह की सीमाओं से परे होता है – यह भाषाओं, क्षमताओं और पहचान की दीवारों को लांघता है। ‘द राइट साइन’ एक ऐसा ही शक्तिशाली कदम है जो संगीत की सार्वभौमिक भाषा को सांकेतिक भाषा के साथ जोड़कर समावेश का एक नया पुल बनाता है।”

रैपर्स की भावनाएं, समावेश की मजबूत आवाज:

इस पहल से जुड़े रैपर्स ने भी अपनी भावनाएं व्यक्त कीं:

  • एन्कोर: “जब मैंने पहली बार ’द राइट साइन’ के बारे में सुना, तो मैं तुरंत इससे प्रभावित हुआ। हमारे पास यह एक अनमोल अवसर था कि हम अपने वीडियो में संकेतों को एक सार्थक संचार के रूप में शामिल करें और विभिन्न समुदायों के बीच मौजूद दूरियों को मिटाएं।”
  • अस्तरिफ – वी टाउन क्रोनिकल्स: “रैप का इस्तेमाल करके, जो कि असल और सीधे स्ट्रीट से जुड़ा हुआ है, सांकेतिक भाषा को मुख्यधारा में शामिल करना मेरे लिए एक अद्भुत और ज्ञानवर्धक अनुभव था। हम अपने वीडियो में हमेशा ही कुछ न कुछ संकेत शामिल करते हैं, लेकिन यह पहला मौका है जब इन संकेतों का वास्तव में कुछ गहरा और सार्थक मतलब है। संगीत एक शुद्ध भावना की तरह होता है, और सांकेतिक भाषा ने उस अभिव्यक्ति को एक नया और अधिक समावेशी आयाम दिया है। अब यह समय आ गया है कि हम आईएसएल को हर जगह सामान्य रूप से स्वीकार करें, खासकर युवा संस्कृति में तो ऐसा होना ही चाहिए। यह आंदोलन सिर्फ समावेशिता पर केंद्रित नहीं है, बल्कि यह एक ऐसा कदम है जो समाज में सकारात्मक रूपांतरण और बदलाव लाने की क्षमता रखता है।”

यह सहयोगात्मक कैम्पेन न केवल अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता का उत्सव है, बल्कि यह समावेशिता की शक्ति का भी प्रमाण है। ‘द राइट साइन’ देशभर के लोगों को भारतीय सांकेतिक भाषा के माध्यम से एक-दूसरे से जुड़ने, संवाद करने और सशक्त बनने के लिए प्रेरित करता है। यह पहल निश्चित रूप से भारत में समावेश की दिशा में एक महत्वपूर्ण और यादगार कदम साबित होगी।

ShareTweetPin
ADVERTISEMENT
ब्रजेश मेहर

ब्रजेश मेहर

बृजेश मेहर एक अनुभवी पत्रकार और P.R.O. हैं जिनका भोजपुरी सिनेमा पर विशेष ध्यान है। मनोरंजन उद्योग में कई वर्षों के करियर के साथ, ब्रजेश ने भोजपुरी फिल्मों की दुनिया में खुद को एक जानकार और सम्मानित आवाज के रूप में स्थापित किया है। एक पत्रकार के रूप में, ब्रजेश ने भोजपुरी सिनेमा से संबंधित विषयों की एक विस्तृत श्रृंखला को कवर किया है, जिसमें अभिनेताओं और निर्देशकों के साक्षात्कार, बॉक्स ऑफिस के रुझानों का विश्लेषण और नवीनतम रिलीज़ की समीक्षा शामिल है। उन्होंने उद्योग में कई प्रमुख प्रकाशनों में योगदान दिया है और अपनी व्यावहारिक और सूचनात्मक रिपोर्टिंग के लिए एक प्रतिष्ठा बनाई है।

RelatedPosts

Sagwaan 20260117 061030 0000

बिना किसी बड़े बैनर के कैसे हुई फिल्म ‘सागवान’ हाउसफुल? राजस्थानी कलाकारों के हुनर ने सबको किया सन्न!

by khabarhardin
जनवरी 17, 2026
0

उदयपुर: बॉक्स ऑफिस पर अक्सर बड़े बैनर, करोड़ों का प्रमोशन और सुपरस्टार्स का शोर सुनाई देता है, लेकिन 16 जनवरी...

IMG 20251227 014417

इतिहास रचने को तैयार है फिल्म ‘सागवान’: पहली बार ‘सौ फीसदी राजस्थानी’ फिल्म! जड़ें मरुधरा की और गूँज पूरे देश में

by khabarhardin
दिसम्बर 31, 2025
0

अगर आपको लगता है कि धाकड़ फिल्में सिर्फ मुंबई के बड़े स्टूडियो में बनती हैं, तो ज़रा रुकिए! उदयपुर के...

IMG 20251230 WA0000

राजस्थान के जंगलों से उठी वो गूँज जो मुंबई तक सुनाई देगी! फिल्म ‘सागवान’ ने रचा इतिहास, थिएटर जाने से पहले ये ट्रेलर जरूर देखें

by khabarhardin
दिसम्बर 30, 2025
0

राजस्थान की रेतीली धरती और अरावली की पहाड़ियों ने हमेशा शूरवीरों की गाथाएं सुनाई हैं, लेकिन इस बार मेवाड़ के...

IMG 20251004 WA0026

फिल्म ‘गोदान’ का दमदार डायलॉग वायरल: “गाय को रोटी देने वाला और गाय को रोटी से खाने वाला दोनों भाई नहीं हो सकते!”

by khabarhardin
अक्टूबर 5, 2025
0

नई दिल्ली: भारतीय सिनेमा में सामाजिक और सांस्कृतिक विषयों पर फिल्मों का महत्व हमेशा रहा है, और अब इसी कड़ी...

  • नगर निगम चुनाव 2026 : बीकानेर वार्ड 11 पलटा पूरा समीकरण! पूर्व सैनिक भगवान सिंह राठौड़ ने ऐसा क्या किया कि विरोधियों में मची खलबली?
  • बीकानेर में बड़ा सियासी खेल: भाजपा का ‘बाहरी’ दांव पड़ा उल्टा या फौजी मारेगा बाजी?
  • रणवीर सिंह, रोहित शेट्टी और अब साहिल लूथरा… Z+ सिक्योरिटी भी फेल? गैंगस्टर ने दी खुली चुनौती— ‘हमें पता है तुम सुरक्षा में हो, फिर भी मारेंगे!’
  • बड़ी कार्रवाई: 20 माह से जबरन काबिज़ कृष्णा कुंज वेलफेयर सोसायटी की कार्यकारिणी अपदस्थ, JDA ने पूरी कमान चुनाव समिति को सौंपी
  • बिना किसी बड़े बैनर के कैसे हुई फिल्म ‘सागवान’ हाउसफुल? राजस्थानी कलाकारों के हुनर ने सबको किया सन्न!
ADVERTISEMENT
Facebook Twitter

Copyright ©2026 khabarhardin.com

Welcome Back!

Login to your account below

Forgotten Password?

Retrieve your password

Please enter your username or email address to reset your password.

Log In
No Result
View All Result
  • Blog
  • Blog
  • Contact
  • Contact
  • Cookie Policy
  • Customize Interests
  • Customize Interests
  • Home Subscription
  • Join Us
    • Registration
  • Join Us
    • Registration
    • Registration
  • Join Us
  • Member Login
    • Password Reset
    • Profile
  • Member Login
    • Password Reset
    • Password Reset
    • Profile
    • Profile
  • Member Login
    • Profile
  • My Bookmarks
  • Password Reset
  • Registration
  • Thank You
  • Visual Stories
  • आचार संहिता
  • ख़बर हर दिन
  • संपर्क करें

Copyright ©2026 khabarhardin.com